Thursday , October 19 2017
Home / देश / चुनाव प्रचार: भाजपा ने एक रणनीति के तहत नोट बंदी का सहारा लिया!

चुनाव प्रचार: भाजपा ने एक रणनीति के तहत नोट बंदी का सहारा लिया!

नई दिल्ली। केंद्र सरकार के नोट बंदी का यदि सबसे ज्यादा लाभ किसी पार्टी को हुआ हैं तो भारतीय जनता पार्टी हैं। नोट बंदी की वजह से सबके जुबान पर सिर्फ और सिर्फ एक बार फिर से मोदी का ही नाम चढ़ गया जिससे पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों में इन्हें फ़ायदा होता दिख रहा हैं।

बीजेपी ने विधानसभा चुनावों में सबसे ज्यादा प्रचार किया है। बीजेपी ने पिछले लोकसभा चुनाव की तरह इस बार भी आँखें मूँद कर प्रचार किया है। फोन कॉल, चुनावी गाड़ियाँ, चुनावी प्रचार करती LED युक्त गाड़ियाँ इनके प्रचार करने के माध्यम रहें हैं। चुनावी मौसम में हर वेबपोर्टल हो या फिर टीवी, अख़बार सभी पर भारतीय जनता पार्टी का ही आपको विज्ञापन देखने को मिल रहा है। यहाँ तक की भारतीय जनता पार्टी का प्रचार हर दिन सभी न्यूज़ पेपर्स में आपको देखने को मिल रहा है और पिछले 5 दिनों से लगातार अमित शाह की आवाज़ में एक कॉल सभी मोबाइल उपभोक्ताओं को करवाई जा रही है।

आखिर कहाँ है चुनाव आयोग, क्या ऑनलाइन होते इस प्रचार पर उनकी निगाह नही है? इससे स्थिति साफ़ है दूसरों दलों को चुनाव प्रचार में रोकने के लिए केवल भाजपा ने एक रणनीति के तहत नोट बंदी का सहारा लिया है।

About khabar On Demand Team

Check Also

दिवाली की बाज़ी किसके हाथ…!

दिवाली वाला हफ्ता हो और बड़ी फिल्में आकर एक-दूजे को चुनौती न दें तो कुछ …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *