Tuesday , November 20 2018
Home / राज्य / 20 हजार शिक्षकों को पास करनी होगी TET, नहीं तो…
PC: Times Of India

20 हजार शिक्षकों को पास करनी होगी TET, नहीं तो…

लखनऊ: उत्तरप्रदेश में बेसिक शिक्षा परिषद के प्राथमिक स्कूलों में पढ़ा रहे लगभग 20 हजार शिक्षकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) पास करनी जरुरी होगी। शिक्षामित्रों के लिए टीईटी की अनिवार्यता पर सुप्रीमकोर्ट के निर्णय के बाद साफ हो गया है कि न्यूनतम अर्हता पूरी नहीं करने वाले इन शिक्षकों के लिए भी टीईटी करना आवश्यक हो गया है। देश में नि:शुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई)-2009 एक अप्रैल 2010 से लागू हुआ था।

पर उत्तर प्रदेश में 27 जुलाई 2011 को आरटीई लागू किया गया। राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (एनसीटीई) ने शिक्षकों की न्यूनतम योग्यता संबंधी मानक की अधिसूचना 23 अगस्त 2010 को जारी की थी। 23 अगस्त 2010 से 27 जुलाई 2011 के बीच बीटीसी, विशिष्ट बीटीसी, उर्दू बीटीसी करने वाले तक़रीबन 20 हजार प्रशिक्षुओं की नियुक्ति सहायक अध्यापक पद पर बिना टीईटी की गई थी।

एनसीटीई के निर्देशों के मुताबिक 23 अगस्त 2010 के बाद जो भी शिक्षक बगैर टीईटी भर्ती हुए हैं उनकी नियुक्ति गैरकानूनी है। राज्य सरकार ने 30 अक्तूबर 2013 को एनसीटीई को पत्र लिखकर 23 अगस्त 2010 के बाद नियुक्त शिक्षकों के संबंध में स्थिति साफ करने को कहा था। एनसीटीई ने 5 मार्च 2014 को भेजे अपने जवाब में लिखा था कि 23 अगस्त 2010 से 27 जुलाई 2011 के बीच नियुक्त शिक्षकों के लिए टीईटी पास करना जरुरी है।

टीईटी की अनिवार्यता पर हाईकोर्ट की वृहदपीठ ने 31 मई 2013 के फैसले में भी 23 अगस्त 2010 के बाद नियुक्त शिक्षकों के लिए टीईटी जरुरी माना था। पर शिक्षक भर्ती के विवादों में फंसी सरकार और बेसिक शिक्षा विभाग के अफसरों का ध्यान इस ओर नहीं गया। परंतु अब सुप्रीम कोर्ट के निर्णय  के बाद देर-सबेर इन शिक्षकों को टीईटी पास करना जरुरी होगा।

बगैर टीईटी नियुक्ति में शिक्षकों की कोई गलती नहीं

बगैर टीईटी नियुक्ति के लिए ये 20 हजार शिक्षक जिम्मेदार नहीं हैं। तत्कालीन बसपा सरकार ने अध्यापक सेवा नियमावली 1981 में संशोधन करते हुए 9 नवंबर 2011 को शिक्षक भर्ती के लिए टीईटी को अनिवार्य किया था। सेवा नियमावली में संशोधन नहीं होने के कारण ही 23 अगस्त 2010 से 27 जुलाई 2011 के बीच इन शिक्षकों की नियुक्ति हो गई थी।

 

About KOD MEDIA

Check Also

Elegant, Rotary Club of Mumbai organises a Car Rally to empower visually Impaired  

  Elegant, a women’s only Rotary Club of Mumbai chartered in 2018 has organised a …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *